मजेदार जोक्स: लड़की शादी में आये अपने पुराने बॉयफ्रेंड से कहती है, लड़की- कल मेरी शादी है और

मनाेरञ्जन

कभी-कभी मन खुश रहने के बहाने ढूंढता है क्योंकि हर वक्त इंसान यूंही बिना किसी वजह के खुश नहीं रह सकता और आजकल के इस भागदौड़ भरी जिंदगी में खुश रहना बहुत जरूरी है. इसलिए आज के इस पोस्ट में हम आपके लिए खुश रहने की वजह लेकर आये हैं. जी हां, आज हम आपके लिए कुछ ऐसे मजेदार चुटकुले लेकर आये हैं जिन्हें पढ़ते ही आपका मन खुश हो जाएगा. तो देर किस बात की है? चलिए शुरू करते हैं हंसने हंसाने का ये खूबसूरत सिलसिला.

पत्नी- आपको मेरी सुंदरता ज्यादा अच्छी लगती है या मेरे संस्कार?

पति- हा हा हा….मुझे तो तुम्हारी ये मजाक करने की आदत ज्यादा अच्छी लगती है.

 

पत्नी- सोमवार को शॉपिंग, मंगलवार को होटल, बुध को घुमने,

शुक्रवार को सिनेमा देखने, शनिवार को पिकनिक….जानू कितना मजा आएगा.

पति- हां और बाकी बचा रविवार को मंदिर

पत्नी- क्यों?

पति- भीख मांगने

ससुर- आइए दामाद जी….आज सुबह-सुबह अचानक

कैसे दर्शन दे दिए?

दामाद- आपकी बेटी से झगड़ा हो गया था,

वो बोली जहन्नुम में जाओ!!

संता ने बहुत कठोर तपस्या की.

प्रसन्न होकर भगवान प्रकट हुए और बोले…

भगवान- मांगो वत्स क्या वरदान चाहिये?

संता- सिस्टम से चलिये प्रभु….पहले तपस्या भंग करने के लिए

अप्सराएं आती हैं उनका क्या हुआ?

एक लड़की स्कूटी लेकर सब्जी मंडी गयी.

लड़की- मुझे सारे सड़े-सड़े अमरुद दे दो

ठेलेवाला- सारे सड़े हुए

लड़की- हां सारे खराब अमरुद दे दो

ठेलेवाले ने सारे सड़े अमरूद एक पॉलीथिन में भर दिये..

लड़की- अब इस पॉलिथीन को साइड में रखो और

साफ अमरुद में से एक किलो दे दो.

Moral- कौन कहता है कि लड़कियों के पास दिमाग नहीं होता!

एक लड़के ने एक लड़की को कमल का फूल दिया.

लड़की ने गुस्से मे आकर तमाचा जड़ दिया.

लड़का गाल सहलाते हुए बोला…

लड़का- मैं तो भाजपा का प्रचार कर रहा था

लड़की- मैं भी कांग्रेस का प्रचार कर रही हूं

 

मास्टर ने पूछा- कविता और निबंध मैं क्या अंतर है?

स्टूडेंट- प्रेमिका के मुंह से निकला एक शब्द भी कविता होता है

और..

पत्नी का एक ही शब्द निबंध के समान होता है.

मास्टर के आंख में आंसू आ गए और गला भर आया.

उन्होंने उस लड़के को क्लास का मानीटर बना दिया.

अमेरिका में जब कोई बीमार पड़ता है तो

लोग कहते हैं- गेट वेल सून.

इंग्लैंड में कहते हैं- विशिंग फॉर स्पीडी रिकवरी.

भारत में जब कोई अस्पताल में भर्ती होता है तो

शुभचिंतक कहते हैं- इसी बीमारी से मेरे चाचा

तड़प-तड़प कर मर गए थे.

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